कर्मचारी भविष्य निधि संगठन
श्रम और रोजगार मंत्रालय, भारत सरकार,
अहमदाबाद, गुजरात
योगदान
 
घर योगदान

नियोक्ताओं द्वारा अंशदान की दरें -
 (क) कर्मचारी भविष्य निधि योजना

ऐसी स्थापनाए जिसमें 20 या अधिक व्यक्ति कार्यरत हो तथा अधिनियम की धारा 6 के अंतर्गत अधिसूचित हो (बीमारू घोषित स्थापनाओं को छोड़कर), के कर्मचारियों के मूलवेतन, मँहगाई भत्ता, नकद राशि जो खाद्य रियायत के रूप में दी हो तथा प्रतिधारक भत्ता यदि हो, का 12%, जो अधिकतम 15000/- प्रतिमाह की वेतनसीमा के अधीन हो। सदस्य तथा नियोक्ता के सम्मिलित अनुरोध पर स्वेच्छिक उच्च अंशदान भी स्वीकार किया जाता है। यद्यपि निम्नलिखित श्रेणी की स्थापनाओं के लिए अंशदान की दर 10% रहेंगी -

  • ऐसी स्थापना जिसकी व्याप्ति 22.09.1997 के पहले की गयी हो तथा जिसमें 20 से कम व्यक्ति नियोजित हो।
  • बीमारू औद्योगिक कंपनी अधिनियम 1985 ( विशेष प्रावधान) की धारा (3) की उपधारा (1) के खण्ड (0) में वर्णित कोई बीमार औद्योगिक कंपनी तथा जिसे औद्योगिक तथा वित्तीय पुनर्निमाण बोर्ड द्वारा ऐसा घोषित किया गया हो।
  • ऐसी स्थापना, जिसकी कि किसी वित्तीय वर्ष में होने वाली संचित हानि, उसकी कुल परिसंपत्ति के मूल्य के बराबर या अधिक हो।
  • (अ) जूट (ब) बीड़ी (स) ईट (द) कोयर ( कताई क्षेत्र को छोड़कर) (इ) गुआर गोंद उद्योग , के निर्माण में कार्यरत कोई भी उद्योग।

(ख)  कर्मचारी पेंशन योजना

नियोक्ता के भविष्य निधि अंशदान से प्रतिमाह रू. 15000/- प्रतिमाह की सीमा तक, कुल वेतन का 8.33% अलग कर कर्मचारी पेंशन निधि के लेखा संख्या 10 में जमा किया जाता है। (01.09.2014 से प्रभावी)

केन्द्र सरकार भी कुल मजदूरी के 1.16%  की दर से योगदान देगी।

(ग) कर्मचारी सहबद्ध बीमा योजना

कर्मचारी के वेतन से किसी भी तरह की कटौती नहीं की जायेगी। नियोक्ता द्वारा रू. 15000/- की वेतनसीमा पर कुल वेतन का 0.5% का भुगतान किया जायेगा। ( 01.09.2014 से प्रभावी)। कर्मचारी सहबद्ध बीमा योजना के अंतर्गत अधिकतम लाभ राशि रू. 3,60,000/- स्वीकार्य होगी।